मोहिंद्र प्रताप सिंह राणा
शिमला : लूहरी जल विद्युत परियोजना चरण-I के निर्माण के साथ पर्यावरणीय प्रतिबद्धताओं को जमीन पर उतारने की कवायद तेज हो गई है। परियोजना के निर्माण चरण में निर्धारित पर्यावरण सुरक्षा उपायों के प्रभावी क्रियान्वयन और उनकी निगरानी को लेकर 30 सितम्बर को दूसरी मल्टी डिसिप्लिनरी कमेटी (एमडीसी) की बैठक हिमाचल प्रदेश फॉरेस्ट फोर्स प्रमुख (HoFF) संजय सूद की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों की प्रगति की समीक्षा के साथ-साथ उन्हें अधिक पारदर्शी और प्रमाणिक बनाने पर जोर दिया गया।
पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा गठित 15 सदस्यीय समिति के 14 विभागीय सदस्यों ने बैठक में भाग लिया। इस दौरान पर्यावरण प्रबंधन योजना (EMP) के तहत निर्धारित 13 विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई और विभिन्न विभागों की ओर से किए जा रहे कार्यों तथा पर्यावरण संरक्षण संबंधी गतिविधियों की प्रगति की समीक्षा की गई।
बैठक में पर्यावरणीय कार्य केवल कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि उनकी जमीन पर हुई प्रगति भी प्रमाण के साथ सामने आए, इस दिशा में विशेष जोर दिया गया। रामपुर के डीएफओ की ओर से कैचमेंट एरिया ट्रीटमेंट प्लान पर तैयार डॉक्यूमेंट्री और वीडियो की समिति अध्यक्ष संजय सूद ने सराहना की। उन्होंने अन्य वन मंडलों और संबंधित विभागों को भी पर्यावरण संरक्षण एवं विकास कार्यों की प्रभावी वीडियो डॉक्यूमेंटेशन तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि इन कार्यों की वास्तविक प्रगति को व्यापक स्तर पर साझा किया जा सके।
संजय सूद ने कार्यों में पारदर्शिता और स्थानीय हितधारकों के साथ आवश्यक जानकारी साझा करने के लिए जियो-टैग फोटोग्राफी को भी महत्वपूर्ण निगरानी माध्यम बनाने पर जोर दिया। उन्होंने वन विभाग और परियोजना से जुड़े अन्य कार्यों की जियो-टैग तस्वीरें सुनिश्चित करने तथा पर्यावरण एवं वन संरक्षण संबंधी गतिविधियों की प्रगति का समुचित दस्तावेजीकरण करने के निर्देश दिए।
बैठक का यह पक्ष इसलिए महत्वपूर्ण रहा कि बड़े जलविद्युत परियोजनाओं के निर्माण के दौरान विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन केवल निर्धारित शर्तों से नहीं, बल्कि उनके दृश्य, प्रमाणिक और समयबद्ध अनुपालन से स्थापित होता है। वीडियो डॉक्यूमेंटेशन और जियो-टैग फोटोग्राफी पर जोर इसी निगरानी व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने की दिशा में उठाया गया कदम है।
बैठक के अंत में लूहरी जल विद्युत परियोजना चरण-I के परियोजना प्रमुख जसवंत सिंह कपूर और सदस्य सचिव अलका जायसवाल ने अध्यक्ष सहित सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने बैठक में दिए गए सुझावों और निर्देशों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया।